ट्रांस यमुना पुलिस का बड़ा खुलासा: बंद मकानों में चोरी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़, महिला गिरफ्तार
आगरा:- ट्रांस यमुना थाना पुलिस ने बंद पड़े मकान में हुई चोरी की घटना का सफल खुलासा करते हुए एक महिला अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके कब्जे से सफेद धातु की एक पायल और ₹3,570 नकद बरामद किए हैं। इस कार्रवाई से क्षेत्र में पुलिस की सक्रियता एक बार फिर सामने आई है।
मामले के अनुसार, 10 मार्च 2026 को वादी ने थाना ट्रांस यमुना में सूचना दी थी कि वह 7 मार्च को अपने घर पर ताला लगाकर बाहर गए थे। 10 मार्च को वापस लौटने पर घर का ताला टूटा मिला और अंदर से सफेद व पीली धातु के आभूषण तथा नकदी चोरी हो चुकी थी। इस पर पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की और घटना के खुलासे के लिए विशेष टीम गठित की गई।
लगातार प्रयासों के बाद 3 मई 2026 को पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर शाह हॉस्पिटल के पास से एक महिला अभियुक्त को गिरफ्तार किया। तलाशी के दौरान उसके पास से चोरी की पायल और नकदी बरामद हुई। पूछताछ में महिला ने खुलासा किया कि वह “मोनू” नामक व्यक्ति और उसके पांच नाबालिग साथियों के साथ मिलकर बंद मकानों को निशाना बनाते थे। महिला होने के कारण उस पर कम शक होता था, जिसका फायदा उठाकर वह चोरी का सामान बेचती थी और रकम मुख्य आरोपी को सौंप देती थी।
पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी “मोनू” को पहले ही 21 मार्च 2026 को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, जबकि उसके नाबालिग साथियों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
इस पूरे मामले के सफल खुलासे में थाना ट्रांस यमुना की पुलिस टीम की अहम भूमिका रही, जिसमें थानाध्यक्ष हरेन्द्र कुमार के नेतृत्व में उपनिरीक्षक राजकुमार, उपनिरीक्षक अजय चौधरी, हेड कांस्टेबल कमलेश कुमार, महिला कांस्टेबल कांति यादव एवं महिला कांस्टेबल आरती शामिल रहीं। टीम की तत्परता और समन्वय से ही इस चोरी की घटना का पर्दाफाश संभव हो सका।
थानाध्यक्ष हरेन्द्र कुमार की कार्यशैली को क्षेत्र में बेहद प्रभावी और काबिले-तारीफ माना जा रहा है। उनके वर्तमान कार्यकाल में अपराधियों पर सख्ती के चलते आपराधिक तत्वों में भय का माहौल है और कई अपराधी क्षेत्र छोड़ने को मजबूर हो रहे हैं।