250 करोड़ की साइबर ठगी में आगरा का स्क्रैब कारोबारी गिरफ्तार, 25 हजार का इनामी निकला आरोपी
आगरा। देश के चर्चित 250 करोड़ रुपये के साइबर ठगी नेटवर्क में कानपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने इस मामले में आगरा के फतेहपुर सीकरी निवासी स्क्रैब कारोबारी अंचित गोयल को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था। जांच में सामने आया है कि आरोपी फर्जी फर्मों के जरिए करोड़ों रुपये के लेनदेन कर साइबर ठगी की रकम को ठिकाने लगाने के नेटवर्क का हिस्सा था।
पुलिस के अनुसार, अंचित गोयल फतेहपुर सीकरी के कोटला मोहल्ला का रहने वाला है। उसके परिवार की नगर पालिका के सामने हलवाई की पुश्तैनी दुकान है। करीब आठ वर्ष पहले उसने स्क्रैब (कबाड़) का कारोबार शुरू किया था। आरोप है कि वह स्क्रैब कारोबार की आड़ में फर्जी बिल तैयार कर वित्तीय लेनदेन करता था।
कानपुर के अपर पुलिस आयुक्त (कानून व्यवस्था) डॉ. विपिन टाडा ने बताया कि अप्रैल 2026 में बर्रा थाना पुलिस ने 125 करोड़ रुपये की साइबर ठगी के मामले में चार बैंककर्मियों को गिरफ्तार किया था। इसके बाद आरोपी राजीवर सिंह और शिवम की गिरफ्तारी हुई। दोनों से पूछताछ में 250 करोड़ रुपये के साइबर ठगी नेटवर्क का खुलासा हुआ।
जांच के दौरान आगरा निवासी अंचित गोयल का नाम सामने आया, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस के अनुसार, अंचित ने जनवरी 2025 से अप्रैल 2026 के बीच अपनी तीन फर्जी फर्मों के माध्यम से करीब 53 करोड़ रुपये का लेनदेन किया। इन फर्जी कंपनियों का इस्तेमाल साइबर ठगी से प्राप्त रकम को खपाने के साथ-साथ फर्जी तरीके से जीएसटी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) और आयकर लाभ लेने के लिए किया जा रहा था।
जांच में यह भी सामने आया है कि ठगी की रकम का एक हिस्सा अमेरिका के कैलिफोर्निया में रहने वाली एक महिला के बैंक खाते में भी भेजा गया था। पुलिस अब इस अंतरराष्ट्रीय लेनदेन और पूरे नेटवर्क की कड़ियों की जांच कर रही है।
पुलिस का कहना है कि मामले में अन्य संदिग्धों की भूमिका भी खंगाली जा रही है और जांच के आधार पर आगे और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।