एसएन में दूसरी बार सफल किडनी ट्रांसप्लांट, पिता ने बेटे को दी किडनी; दोनों स्वस्थ
24 वर्षीय दीपक का हुआ प्रत्यारोपण, एसएन मेडिकल कॉलेज की विशेषज्ञ टीम ने मिलकर पूरा किया जटिल ऑपरेशन
आगरा। एसएन मेडिकल कॉलेज ने अंग प्रत्यारोपण के क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। कॉलेज में 10 अक्टूबर को दूसरी बार सफल किडनी ट्रांसप्लांट किया गया। इस जटिल प्रक्रिया में 24 वर्षीय दीपक को उनके पिता राजवीर ने अपनी किडनी दान की। प्रत्यारोपण के बाद पिता और पुत्र दोनों की हालत स्वस्थ बताई गई है। चिकित्सकों के अनुसार, प्रत्यारोपित किडनी भी बेहतर ढंग से काम कर रही है।
एसएन मेडिकल कॉलेज में किडनी प्रत्यारोपण की यह दूसरी सफलता संस्थान में सुपर-स्पेशियलिटी चिकित्सा सेवाओं के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। ट्रांसप्लांट की पूरी प्रक्रिया नेफ्रोलॉजी, यूरोलॉजी, एनेस्थीसिया और नर्सिंग विभाग की संयुक्त टीम ने समन्वय के साथ पूरी की।
पिता ने किडनी दान कर बेटे को दिया जीवन
इस प्रत्यारोपण की सबसे खास बात पिता-पुत्र का भावनात्मक रिश्ता रहा। 24 वर्षीय दीपक को उनके पिता राजवीर ने स्वेच्छा से अपनी किडनी दान की। चिकित्सकों के अनुसार, दोनों के बीच ABO-compatible किडनी ट्रांसप्लांट किया गया।
सर्जरी के बाद डोनर राजवीर और किडनी प्राप्त करने वाले दीपक दोनों की स्थिति स्वस्थ है। प्रत्यारोपित किडनी के बेहतर ढंग से काम करने से उपचार में जुटी चिकित्सकीय टीम ने भी संतोष जताया है।
चार विशेषज्ञ टीमों ने मिलकर किया सफल प्रत्यारोपण
किडनी ट्रांसप्लांट जैसी जटिल प्रक्रिया में कई विभागों के विशेषज्ञों की भूमिका होती है। एसएन मेडिकल कॉलेज में नेफ्रोलॉजी, यूरोलॉजी, एनेस्थीसिया और नर्सिंग टीम ने मिलकर इस प्रक्रिया को सफलतापूर्वक पूरा किया।
ट्रांसप्लांट नेफ्रोलॉजी टीम में डॉ. अपूर्व जैन, डॉ. मुदित खुराना, डॉ. कैरवी भारद्वाज और नेफ्रोलॉजी विभाग के सीनियर रेजिडेंट्स शामिल रहे। वहीं ट्रांसप्लांट यूरोलॉजी टीम में डॉ. प्रशांत लवानिया, लीड ट्रांसप्लांट सर्जन डॉ. अभिषेक पाठक, डॉ. विजय त्यागी, डॉ. अंकुश गुप्ता, डॉ. प्रदीप देब और यूरोलॉजी विभाग के जूनियर रेजिडेंट्स ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
ट्रांसप्लांट एनेस्थीसिया टीम में प्रोफेसर डॉ. अपूर्व मित्तल, एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. अमृता गुप्ता, असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. प्रवीण पांडे, असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. प्रभा और जूनियर रेजिडेंट्स ने मरीज की एनेस्थीसिया और ऑपरेशन के दौरान निगरानी की जिम्मेदारी संभाली।
ट्रांसप्लांट को-ऑर्डिनेटर प्रदीप त्यागी, केटीयू नर्सिंग टीम, ऑपरेशन थिएटर नर्सिंग इंचार्ज और उनकी टीम ने भी पूरी प्रक्रिया में आवश्यक समन्वय और सहयोग दिया।
प्राचार्य ने टीम को दी बधाई
एसएन मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य एवं डीन डॉ. प्रशांत गुप्ता ने दूसरे सफल किडनी प्रत्यारोपण पर पूरी मेडिकल टीम को बधाई दी। उन्होंने इसे संस्थान के लिए गौरव का क्षण बताया। उन्होंने कहा कि इस सफलता में नई दिल्ली स्थित डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल के यूरोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. हेमंत गोयल के मार्गदर्शन और एसएन मेडिकल कॉलेज की टीम के प्रयासों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
डॉ. प्रशांत गुप्ता ने कहा कि एसएन मेडिकल कॉलेज आम जनता को सुलभ, किफायती और गुणवत्तापूर्ण सुपर-स्पेशियलिटी स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। संस्थान का प्रयास है कि गंभीर बीमारियों और जटिल चिकित्सा प्रक्रियाओं के उपचार की सुविधाएं आगरा में ही बेहतर तरीके से उपलब्ध कराई जा सकें।
अंगदान और चिकित्सा सुविधाओं की दिशा में अहम कदम
एसएन मेडिकल कॉलेज में दूसरी बार सफल किडनी प्रत्यारोपण से संस्थान में जटिल चिकित्सा प्रक्रियाओं को आगे बढ़ाने की क्षमता को बल मिला है। किडनी ट्रांसप्लांट के लिए विशेषज्ञ चिकित्सकों के साथ प्रशिक्षित नर्सिंग स्टाफ, आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं और विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी होता है।
पिता द्वारा बेटे को किडनी दान करने का यह मामला चिकित्सा उपलब्धि के साथ-साथ अंगदान और पारिवारिक सहयोग की अहमियत को भी सामने लाता है।