ताजमहल में दिव्यांग महिला मामले ने पकड़ा तूल, पर्यटन विभाग से क्यों हो रही है लगातार भूल ?
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग दिल्ली में दर्ज हुआ केस
जनपद आगरा:- जिले में ताजमहल बहुत ही सुंदर इमारत है और विश्व का सातवां अजूबा भी है एक बार जो भी ताजमहल की सुंदरता को निहारता है वह बहुत ही ज्यादा प्रभावित हो जाता है यहां देश-विदेश से रोजाना अनेकों पर्यटक आते हैं और ताजमहल की सुंदरता को देखकर मोहित हो जाते हैं लेकिन कभी-कभी कुछ ऐसे भी मामले हो जाते हैं जिससे पर्यटन विभाग सहित अन्य लोगों को शर्मिंदा भी होना पड़ता है ऐसा ही एक मामला कुछ समय पहले का है जहां ताजमहल देखने आए विदेशी परिवार में एक दिव्यांग महिला भी सम्मिलित थी जिसमें युवक दिव्यांग महिला को गोद में लेकर सीढ़ियों पर चढ़ा व्हीलचेयर रैंप न होने के कारण यह सीढ़ियों पर चढ़ने का वीडियो वायरल हुआ जिसमें आम आदमी पार्टी बुद्धिजीवी प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष अश्वनी शर्मा साँई ने पीएम सहित अन्य विभागों एंव आयोग और राज्यसभा सांसद संजय सिंह को शिकायती पत्र लिखकर भेजा ,अब इस मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग में केस दर्ज हो गया है ।
जानकारी के मुताबिक ताजमहल में दिव्यांग महिला पर्यटक को गोद में उठाकर सीढ़ी चढ़ने व उतरने के मामला एक बार फिर तूल पकड़ गया है इस बार राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग दिल्ली में केस दर्ज कर लिया है। सांसद संजय सिंह ने इस बाबत केंद्रीय पर्यटन मंत्री भारत सरकार,जी किशन रेड्डी को पत्र लिखा है । पत्र में आप सांसद ने उन्हें अवगत कराया है कि ताजमहल में व्हीलचेयर रैंप ना होने से वरिष्ठ नागरिक एवं दिव्यांग जनों को ताजमहल की मुख्य गुंबद (मकबरे) तक पहुंचने के लिए कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है,जिसके कारण भारत की अंतरराष्ट्रीय छवि भी खराब हो रही है।
गौरतलब है कि कुछ माह पहले आम आदमी पार्टी बुद्धिजीवी प्रकोष्ठ के प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष एडवोकेट अश्वनी शर्मा साईं ने इस मामले में शिकायती पत्र लिखा था जिसमें अमेरिका न्यूयॉर्क के एडम वॉकर ने ताजमहल में दिव्यांग महिला को गोद में लेकर सीढ़ियां चढ़ते व उतरते उसके पति की वीडियो वायरल होने का जिक्र किया था।