50 हजार का इनामी अपराधी जैतपुर पुलिस के हत्थे चढ़ा, STF के साथ संयुक्त ऑपरेशन में दबोचा—तमंचा भी बरामद
आगरा। कमिश्नरेट आगरा में फरार और इनामी अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में थाना जैतपुर पुलिस, थाना बमरोली कटारा पुलिस और एसटीएफ यूनिट आगरा को बड़ी सफलता मिली है। संयुक्त टीम ने 50 हजार रुपये के इनामी वांछित अभियुक्त रमन सिंह उर्फ अंशु भदौरिया को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके कब्जे से .315 बोर का अवैध तमंचा भी बरामद किया है।
पुलिस आयुक्त आगरा दीपक कुमार और अपर पुलिस आयुक्त सचिन्द्र पटेल के निर्देशन में तथा डीसीपी पूर्वी जोन अभिषेक कुमार अग्रवाल के कुशल नेतृत्व में अपराधियों की धरपकड़ के लिए अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में 10 सितंबर को थाना जैतपुर, थाना बमरोली कटारा पुलिस और एसटीएफ यूनिट आगरा की टीम क्षेत्र में संदिग्ध वाहनों एवं व्यक्तियों की चेकिंग कर रही थी।
चेकिंग के दौरान पुलिस टीम को सूचना मिली कि थाना जैतपुर में दर्ज गंभीर धाराओं के मुकदमे में वांछित 50 हजार रुपये का इनामी अभियुक्त क्षेत्र में मौजूद है। सूचना पर संयुक्त टीम ने घेराबंदी कर अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से .315 बोर का अवैध तमंचा बरामद हुआ।
गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान रमन सिंह उर्फ अंशु भदौरिया पुत्र हरेंद्र सिंह, निवासी मेला ग्राउंड के पास टायर की दुकान, थाना कोतवाली भिंड, मध्य प्रदेश के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार उसके खिलाफ थाना जैतपुर कमिश्नरेट आगरा में गैंगस्टर एक्ट समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज है। इसके अलावा मध्य प्रदेश के थाना कोतवाली भिंड सहित अन्य थानों में भी उसके खिलाफ कई आपराधिक मुकदमे दर्ज बताए गए हैं।
STF टीम की अहम भूमिका
इस कार्रवाई में एसटीएफ यूनिट आगरा की टीम ने थाना जैतपुर और थाना बमरोली कटारा पुलिस के साथ मिलकर कार्रवाई को अंजाम दिया। टीम में हेड कांस्टेबल अंकित गुप्ता, कांस्टेबल प्रदीप चौधरी, कांस्टेबल प्रवीण यादव और कांस्टेबल मानवेन्द्र उपाध्याय शामिल रहे।
वहीं थाना जैतपुर की ओर से प्रभारी निरीक्षक प्रमोद कुमार, उपनिरीक्षक अंनत सिंह, उपनिरीक्षक विनोद कुमार, रिजर्व कांस्टेबल अमन शर्मा, कांस्टेबल रवि कुमार और कांस्टेबल विनीत कुमार ने कार्रवाई में भूमिका निभाई। थाना बमरोली कटारा से कांस्टेबल दीपक कुमार और कांस्टेबल शुभम सारस्वत टीम में शामिल रहे।
पुलिस की इस संयुक्त कार्रवाई को 50 हजार रुपये के इनामी और लंबे समय से वांछित अभियुक्त की गिरफ्तारी के रूप में बड़ी सफलता माना जा रहा है। कार्रवाई के बाद पुलिस ने अभियुक्त के खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।