जन्माष्टमी पर छह बंदियों को मिली नई जिंदगी, विजय कुमार और सुमित गोयल ने चुकाया 47,468 रुपये का अर्थदंड
आगरा। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के पर्व को समाजसेवा और मानवता से जोड़ते हुए अधिवक्ता एवं समाजसेवी विजय कुमार यादव और सुमित गोयल ने जिला कारागार आगरा में निरुद्ध आर्थिक रूप से कमजोर छह बंदियों की रिहाई में अहम भूमिका निभाई। दोनों समाजसेवियों ने छह बंदियों पर न्यायालय द्वारा लगाए गए कुल 47,468 रुपये के अर्थदंड की धनराशि जमा कराई। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद सभी छह बंदियों को रिहा कर दिया गया।
जिला कारागार प्रशासन के अनुसार, आर्थिक तंगी के कारण अर्थदंड जमा नहीं कर पाने की वजह से अमित कुमार, धर्मवीर, रूपकिशोर, मुकेश, ताहिर और सूरज कारागार में निरुद्ध थे। जन्माष्टमी के अवसर पर मिली इस मदद से इन बंदियों को जेल से बाहर निकलकर अपने परिवार और समाज के बीच नई शुरुआत करने का अवसर मिला।
पर्व को बनाया सेवा और मानवता का माध्यम
विजय कुमार यादव और सुमित गोयल ने आर्थिक रूप से कमजोर बंदियों की सहायता कर यह संदेश दिया कि त्योहारों की खुशियां केवल स्वयं तक सीमित न रहकर जरूरतमंदों के जीवन में भी खुशियां बांटने का माध्यम बन सकती हैं। छह बंदियों के लिए यह सहयोग महज अर्थदंड की रकम जमा करना नहीं, बल्कि उनके जीवन में उम्मीद और नई शुरुआत का रास्ता खोलने जैसा रहा।
विजय कुमार यादव अपने जन्मदिवस, मैरिज एनिवर्सरी और अन्य विशेष अवसरों को भी सामाजिक एवं मानवीय कार्यों से जोड़ते रहे हैं। उनका प्रयास रहता है कि व्यक्तिगत खुशियों के अवसर पर जरूरतमंद लोगों की मदद कर समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाई जाए।
जेल अधीक्षक ने की पहल की सराहना
जेल अधीक्षक हरिओम शर्मा ने दोनों समाजसेवियों की पहल की सराहना करते हुए कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर बंदियों की मदद कर उनकी रिहाई में सहयोग करना बेहद सराहनीय और प्रेरणादायक कार्य है। उन्होंने विजय कुमार यादव और सुमित गोयल के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास बंदियों के जीवन में नई उम्मीद पैदा करते हैं और उन्हें समाज की मुख्यधारा में लौटने का अवसर प्रदान करते हैं।
उन्होंने कहा कि समाज के सक्षम लोगों को जरूरतमंदों की सहायता के लिए आगे आना चाहिए, ताकि आर्थिक अभाव के कारण कठिन परिस्थितियों में फंसे लोगों को राहत मिल सके और वे अपने जीवन की नई शुरुआत कर सकें।
इस अवसर पर कारागार प्रशासन की ओर से राजेश कुमार राय, जेलर, देवदर्शन सिंह, जेलर, अंजनी कुमार, उप जेलर, संदीप भास्कर, उप जेलर, मनोज कुमार शुक्ला, उप जेलर एवं रजनीश कुमार सिंह, उप जेलर सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।